माध्यमिक शिक्षा में मुदालियर कमीशन और कोठारी कमीशन का योगदान

Vol-3 | Issue-06 | June 2018 | Published Online: 19 June 2018    PDF ( 1 MB )
Author(s)
Samapti Paul 1; Dr. Mahesh Bishu 2

1Research Scholar, Deptt. Of Education, OPJS University, Churu, Rajasthan

2Deptt. Of Education, OPJS University, Churu, Rajasthan

Abstract

1948 ई॰ में केन्द्रीय सलाहकार बोर्ड ने भारत सरकार के सामने माध्यमिक षिक्षा की जाँच करने के लिए एक आयोग की नियुक्ति का प्रस्ताव रखा। जिससे माध्यमिक षिक्षा में वर्तमान कर्मियों को जाना जा सके और उसका सुधार किया जा सके, लेकिनउस समय आयोग का गठन नही हो सका। 1951 ई॰ में इस बोर्ड ने पुनः अपनी इस मांग को दुहराते हुए कहा कि माध्यमिक षिक्षा के पुनर्गठन की अत्याधिक आवष्यकता है क्योंकि माध्यमिक षिक्षा एकांगी है और उसमें विद्यार्थियों की रूचियों तथा क्षमताओं पर ध्यान नहीं दिया जाता। इस सुझाव को स्वीकार करते हुए भारत सरकार ने 23 सितम्बर 1952 ई॰ में ‘‘माध्यमिक षिक्षा आयोग’’ की नियुक्ति की जिसमें नौ सदस्य थे। आयोग के अध्यक्ष लक्ष्मण स्वामी मुदालियर थे।

Keywords
केन्द्रीय सलाहकार बोर्ड माध्यमिक शिक्षा
Statistics
Article View: 533