दीनदयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना का रोजगार सृजन में योगदान (बिड़ोली ग्राम के विशेष सन्दर्भ में एक अध्ययन)

Vol-4 | Issue-04 | April 2019 | Published Online: 15 April 2019    PDF ( 193 KB )
Author(s)
सत्येन्द्र 1

1सह आचार्य विभाग, समाजकार्य एवं समाजशास्त्र वनस्थली विद्यापीठ-(राज॰)

Abstract

भारत एक कल्याणकारी राज्य है, जो संवैधानिक नियमों पर आधारित है। जहां कानून का शासन है, जिसमें प्रत्येक नागरिक के कल्याण हेतु कार्य करता है। जिसमें सरकार जनता की भलाई के लिए कार्य करती है, जिसका प्रमुख साधन कल्याणकारी योजनाएं है। जिसकी शरूआत 1952 में सामुदायिक विकास कार्यक्रम से हुई। वर्तमान तक यह निरन्तरता बनी हुई है। इसी क्रम में प्रस्तुत शोध पत्र के माध्यम से दीनदयाल उपाध्याय के ग्रामीण कौशल योजना का रोजगार सृजन में योगदान का अध्ययन किया गया है।

Keywords
दीनदयाल ग्रामीण कौशल योजना, रोजगार
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