तकनीकी हिन्दी के विकास में पत्र-पत्रिकाओं का योगदान
| Vol-3 | Issue-09 | September 2018 | Published Online: 07 September 2018 PDF ( 111 KB ) | ||
| Author(s) | ||
| Dr. Neetu Sharma 1 | ||
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1Associate professor, Department of Hindi, I.T College, Lucknow (India) |
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| Abstract | ||
किसी भी ज्ञान-विज्ञान का तेजी से प्रसार और फैलाव पाठ्यपुस्तकों और संदर्भग्रंथों की अपेक्षा पत्र-पत्रिकाओ के माध्यम से अधिक तेजी से होता है | किसी भी विषय या संबंधित विषय पर हो रहे कार्यों की समीक्षा, विभिन्न विश्वविद्यालयो अथवा शिक्षा संस्थानों में हो रहे शोध कार्यों की जानकारी, प्रगति, समीक्षात्मक लेख या अन्य वैज्ञानिक सामग्री पत्रिकाओं में प्रकाशित की जा सकती है | जिसका व्यापक परिचालन होने से तकनिकी भाषा के विकास को बाल मिलेगा | यध्यपि अंग्रेजी भाषा की अपेक्षा हिन्दी अथवा अन्य भारतीय भाषाओ में आज भी विज्ञान पत्र-पत्रिकाओ का नितांत अभाव है | किन्तु फिर भी इस शताब्दी के आरंभ से ही हिन्दी भाषा और अन्य भारतीय भाषाओ के कतिपय पत्रिकाएँ प्रकाशित होती रही है जिनका हिन्दी भाषा माध्यम से भारत में आधुनिक विज्ञान ओर प्रोद्योगिकी के विकास, प्रचार और प्रसार में उल्लेखनीय योगदान है | |
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| Keywords | ||
| ज्ञान विज्ञान, प्रोद्योगिकी, प्रचारप्रसार | ||
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