वैश्विक आतंकवाद में झुलसता श्रीलंका और दक्षिण एशिया की सुरक्षा चिंता

Vol-4 | Issue-7 | July 2019 | Published Online: 15 July 2019    PDF ( 174 KB )
Author(s)
राहुल कुमार 1

1शोध छात्र, रक्षा एवं स्त्राॅतेजिक अध्ययन विभाग, हे.न.ब. गढ़वाल (केन्द्रीय) विश्वविद्यालय, श्रीनगर गढवाल, उत्तराखण्ड-246174

Abstract

भारत और श्रीलंका दो पड़ौसी राष्ट्र हैं, इनके संबंध ऐतिहासिक रहे हैं। श्रीलंका के अंदर घटने वाली हर एक घटना भारतीय राजनीति को प्रभावित करती है, और दक्षिण भारत की राजनीति का असर श्रीलंका में साफ देख जा सकता है। 21 अप्रैल 2019 को श्रीलंका में हुये सिलसिलेवार बम धमाकों ने पूरे विश्व को आश्चर्यचकित कर दिया। आतंकवादियों ने हमले का दिन ईसाइयों के पवित्र त्योहार ईस्टर संडे को चुना। घटना वाले दिन ही 35 विदेशी सैलानीयों सहित 207 लोग मारे गये और 400 से ज्यादा लोग गंभीर रूप से घायल हो गये, मृतकों का आंकड़ा चार दिन में 259 तक पहँुच गया। इन हमलों में कम से कम आठ भारतीय भी मारे गए हैं। आतंकवाद विश्व के सामने लगातार जारी है और नये-नये स्वरूप में भयावह समस्या का रूप लेता जा रहा है।कोई भी राष्ट्र इससे बचा हुआ नहीं है, सोशल मीडिया, एंन्क्रिप्ट किये गये संदेशांे और वैब की अंधेरी दुनिया के जरिये दुष्प्रचार हो रहा है। नये रंगरूटों को भड़काकर जुल्म ढाने की साजिशें रची जा रही हैं। आज आतंकवाद ऐसी समस्या का रूप धारण कर चुका है जिससे पूरा विश्व एक तनाव की आग में झुलस रहा है। आज कोई भी राष्ट्र यह दावा नहीं कर सकता कि उसकी सुरक्षा व्यवस्था में कोई कमी नहीं है और वह आतंकवाद से पूरी तरह मुक्त है। सच्चाई यह है कि कोई नहीं जानता अगला निशाना कौन और किस रूप में होगा। हिंसा के द्वारा जनमानस में भय या आतंक पैदा करके उद्देश्यों को पूरा करना ही आतंकवाद कहलाता है। यह उद्देश्य राजनीतिक धर्मिक या आर्थिक ही नहीं सामाजिक या किसी अन्य प्रकार भी हो सकता है। विश्व में आतंकवाद के बहुत से स्वरूप हैं, लेकिन इनमें तीन ऐसे प्रकार हैं जिनसे पूरी दुनिया त्रस्त है- राजनीतिक आतंकवाद, धार्मिक कट्टरता और गैर राजीनतिक या सामाजिक आतंकवाद। श्रीलंका में एल.टी.टी.ई. समर्थकों एवं अफगानिस्तान में तालिबान संगठन की गतिविधियां राजनीतिक आतंकवाद के उदाहरण हैं। आतंकवादी हमेशा भय पैदा करने के लिये नये-नये तरीकों को आजमाते रहते हैं। जैसे भीड़ वाले स्थानों, रेलों, बसों आदि में विस्फोट करना, दुर्घटना के उद्देश्य से रेल की पटरियों को उखाड़ देना, वायुयानों का अपहरण कर लेना, निर्दाेष लोगों या राजनीतिक व्यक्तियों को अगवा कर लेना, बैंक डकैती इत्यादी कुछ ऐसी आतंकवादी गतिविधियां हैं जिनसे पूरा विश्व किसी न किसी रूप में पीड़ित है।

Keywords
आतंकवाद, जिहाद, उग्रवाद, आई.एस.आई.एस., एन.टी.जे. आदि।
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