वैष्णव भक्ति आंदोलनः एतिहासिक, सामजिक परिचय एवं राष्ट्रीय परिप्रेक्ष्य

Vol-4 | Issue-04 | April 2019 | Published Online: 15 April 2019    PDF ( 461 KB )
Author(s)
डॉ. कुमार गौरव मिश्रा 1
Abstract

भक्ति काल, जिसे साहित्येतिहास में स्वर्णिम काल की संज्ञा दी गयी का विशेष महत्त्व है. यह एक वैचारिक आन्दोलन था, जिसका प्रभाव सम्पूर्ण भारत परपड़ा. प्रस्तुत शोध पत्र मेंवैष्णवभक्ति आन्दोलन के एतिहासिक, सामाजिक, सांस्कृतिकपृष्ठभूमि, इसके स्वरूप एवं विस्तार पर प्रकाश डालते हुए विभिन्न साहित्येतिहासकारों, इतिहासकारों इत्यादि के विचारों को प्रस्तुत किया गया है.

Keywords
वैष्णव धर्म, भक्ति, मध्यकाल, संत साहित्य, जन साहित्य, आन्दोलन
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